संत शिरोमणि आचार्य श्री विद्यासागर जी का प्रथम समाधि दिवस मनाया
आचार्य छत्तीसी विधान हुआ,आर्यिका संघ का हुआ मंगल प्रवेश
बड़वानी (निप्र) दिगंबर जैन समाज बड़वानी द्वारा आज खंडेलवाल दिगंबर जैन मंदिर में जैन मंदिर में जैन समाज के प्रमुख संत शिरोमणि आचार्य श्री विद्या सागर जी महा मुनिराज का गत वर्ष डोंगर गढ़ (छत्तीस गढ़ ) में समाधि हो गई थी,आज उनकी समाधि को पूरा एक वर्ष हो गया है,बड़वानी दिगंबर जैन समाज द्वारा नगर में विराजित आर्यिका प्रतिभा मति जी माताजी के संसंघ सानिध्य में आचार्य छत्तीसी विधान किया गया और आचार्य श्री की अष्ट मंगल द्रव्य से पूजा की गई ,आचार्य छत्तीसी विधान में आचार्य के गुणों का बखान किया गया है,उसके पूर्व समाज के पुरुष वर्ग ने भगवान के अभिषेक और शांति धारा संपन्न की ,तथा महिला वर्ग ने नित्य नियम की पूजन सहित मंडल विधान की पूजन की गई।शाम को मंदिर में ही। भगवान की आरती एवं आचार्य श्री की समाज जन द्वारा दीपकों से आरती की गई ।
आज प्रातः ही कसरावद रोड़ से आचार्य श्री विवेक सागर जी की शिष्या आर्यिका विपुल मति जी माताजी ,आर्यिका विमुक्त मति जी माताजी और क्षुल्लिका विशाल मति जी माताजी का मंगल प्रवेश हुआ ,समाज जन ने माताजी की मंगल आगवानी कर बड़वानी नगर में मंगल प्रवेश कराया ,उपरोक्त जानकारी मनीष जैन द्वारा प्रदान की गई