*धरमपुरी कोर्ट ने सुनाई मनावर के आरोपी जयेंद्र को सख्त सजा...*
*5 वर्षों का सश्रम कारावास तथा 5 हजार के अर्थदंड से किया दंडित।*
*शादी के नाम पर संबंध बनाने वाले आरोपी जयेंद्र पिता कन्हैया को कारावास।*
मनावर, अभियोत्री ने , थाना धामनोद पर रिपोर्ट लिखाई थी कि, दिनांक 12/7/ 2024 को आरोपी जयेंद्र उससे मिलने के लिए आया था और उससे बोला था कि वह उससे शादी करेगा तो वह उसके साथ चली गई थी । आरोपी ने उससे शादी का झांसा देकर, उसके साथ कई बार शारीरिक संबंध बनाएं व आरोपी जयेंद्र के साथ उसके घर पर भी रही थी । किंतु बाद में आरोपी, उसे बोलने लगा कि, वह उससे शादी नहीं करेगा। वह दूसरी लड़की से शादी करेगा। ऐसा बोलकर आरोपी ने, उसके साथ मारपीट की थी।
जिसमें उसका सहयोग उसके पिता कन्हैया बैरागी निवासी मनावर व परिवार के अन्य लोगों ने भी साथ दिया। अभियोत्री की इस रिपोर्ट पर से थाना धामनोद मैं रिपोर्ट लेखबध्ध हुई थी तथा विवेचना पूर्ण करने के पश्चात, आरोपी जयेंद्र पिता कन्हैया बैरागी निवासी राधारामन कॉलोनी मनावर , जिला धार के विरुद्ध , न्यायालय धरमपुरी के अपर सत्र न्यायाधीश अनिल चौहान साहब के यहां पर, सत्र प्रकरण क्रमांक 26/ 24 का विचारण प्रारंभ हुआ था। जिसमें अभियोजन पक्ष की ओर से सरकारी अभियोजक और आवांशा खटोड़ के द्वारा, न्यायालय में, अभियोत्री के माता-पिता , महिला डॉक्टर व डॉक्टर कार्तिक चौहान के साथ विवेचक अधिकारी उपनिरीक्षक दीपिका बामनिया व अन्य गवाहों के कथन न्यायालय में कराए थे । उक्त कथनों के आधार पर प्रकरण का विचारण करते हुए तथा अधिवक्तागण के तर्क सुनने के पश्चात, अपर सत्र न्यायाधीश अनिल चौहान साहब के द्वारा , शादी का झांसा देकर , शारीरिक संबंध बनाने के अपराध में आरोपी जयेंद्र को 5 साल सश्रम कारावास तथा ₹5000 का अर्थ दंड व धारा 115 (2) के अपराध में, 6 माह के कारावास व ₹1000 के अर्थदंड की सजा सुनाई । आरोपी को न्यायालय धरमपुरी से जेल भेज दिया गया।
*संज्ञान रहे आरोपी गणेश मंदिर मनावर के पुजारी का भतीजा है*
धार जिले के मनावर के गणेश मंदिर के पुजारी दिनेश बैरागी और अंबाराम बैरागी का भतीजा है जयेंद्र बैरागी और इसके दादा का नाम भागीरथ बैरागी है और पिता का नाम कन्हैया दास बैरागी है ! ऐसे में प्रश्न यह उठता है की बलात्कारी व्यक्ति के परिवार को क्या मनावर के प्रतिष्ठित मंदिर में पुजारी रखना उचित होगा जहां पर पूजा पाठ के लिए सभी की बहन बेटियां आती है
*पीड़िता के परिवार पर राजनीतिक दबाव और पैसे का प्रलोभन भी दिया था आरोपी पक्ष ने*
पीड़िता के द्वारा बताया गया कि आरोपी पक्ष पैसों से सक्षम है और बड़ा राजनीतिक दबाव रखता है और मुझे जान से मारने की धमकी के साथ पैसों का प्रलोभन भी दिया था किंतु हमें न्याय व्यवस्था पर भरोसा था इसलिए हमने कोर्ट और पुलिस पर भरोसा रखा और आज हमें न्याय मिला है किंतु हमारा न्याय पूर्ण तब होगा जब आरोपी के पिता कन्हैया उसकी मां और परिवार के अन्य सहयोगी लोग जिन्होंने हम पर मानसिक दबाव बनाया उनको भी सजा होगी !