अब से माननीय उच्च न्यायालय को जमानत याचिका हेतु केस डायरियां डिजिटली उपलब्ध होंगी।
माननीय उच्च न्यायालय खंडपीठ इंदौर द्वारा पारित आदेश के अनुपालन में, न्यायालय के CMIS (Case Management Information System) और पुलिस के CCTNS (Crime and Criminal Tracking Network and Systems) सॉफ्टवेयर के इंटीग्रेशन से "जमानत याचिका" हेतु केस डायरी अपलोड करने का मॉड्यूल विकसित किया गया है। इस तकनीकी व्यवस्था के माध्यम से अब पुलिस थानों की केस डायरियां माननीय उच्च न्यायालय को डिजिटल रूप में उपलब्ध कराई जा सकेंगी।
आज दिनांक 26.12.2024 को पुलिस मुख्यालय (राज्य अपराध अभिलेख ब्यूरो), भोपाल द्वारा मध्य प्रदेश के सभी पुलिस अधीक्षकों की एक ऑनलाइन वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में मुख्यालय के वरिष्ठ अधिकारियों ने CMIS और CCTNS सॉफ्टवेयर के इंटीग्रेशन और "जमानत याचिका" मॉड्यूल के संबंध में विस्तृत दिशा-निर्देश दिए।
पूर्व में माननीय उच्च न्यायालय को जमानत याचिका संबंधी केस डायरियां मैन्युअल रूप से प्रस्तुत की जाती थीं, लेकिन अब यह सुविधा डिजिटल रूप में उपलब्ध होगी। साथ ही, पुलिस थानों में माननीय न्यायालय द्वारा जारी समंस/वारंट की तामील भी CCTNS सॉफ्टवेयर के माध्यम से ऑनलाइन सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक निर्देश दिए गए हैं। सभी थाना प्रभारियों को समंस/वारंट की तामील को डिजिटल माध्यम से पूर्ण करने हेतु निर्देशित किया गया है।
यह कदम डिजिटल पारदर्शिता को बढ़ावा देने और कार्य प्रणाली को अधिक सटीक और समयबद्ध बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है।
वीडियों कांफ्रेसिंग में पुलिस अधीक्षक बड़वानी श्री जगदीश डावर, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री अनिल पाटीदार, उप पुलिस अधीक्षक(महिला सुरक्षा) श्री महेश सुनैया, सीसीटीएनएस प्रभारी श्री सहायक उप निरीक्षक महेन्द्र सिंह एवं पुलिस अधिकारी/कर्मचारी उपस्थित रहें।*