अंजड:- षट्तिला एकादशी पर नगर के खाटू श्याम मन्दिर में श्रद्धालुओं का जनसैलाब उमड़ा।
अल सुबह 6 बजे से मन्दिर में भक्तों के आना का सिलसिला शुरू हो गया था।
एकादशी होने से आस-पास के नगरों व ग्रामीण क्षेत्र से बड़ी संख्या में भक्तजन निशान यात्रा लेकर पहुँचे।
माता बहनो द्वारा झांझ मंजीरों के साथ श्याम बाबा के भजन गाकर जमकर थिरकी यह सिलसिला दिनभर चलता रहा।
षट्तिला एकादशी भगवान विष्णु को समर्पित:-
मन्दिर के पण्डित मंगल शर्मा ने बताया कि षट्तिला एकादशी भगवान विष्णु को समर्पित है और इस दिन भगवान को तिल्ली अर्पित की जाती है व तिल्ली के लड्डु का भोग लगाया जाता है तथा आज के दिन तिल का दान करने व पवित्र नदीयो में स्नान करने से पुण्य लाभ अर्जित होता है। तथा षट्तिला एकादशी व्रत रखने से धन धान्य की कमी नही रहती है व घर परिवार में सुख शांति बनी रहती है व माता लक्ष्मी की विशेष कृपा होती है।
तिरंगे से किया बाबा का विशेष श्रंगार:-
षट्तिला एकादशी व गणतन्त्र दिवस होने से श्री खाटूश्याम बाबा का सेवादारों ने तीन रंगों (तिरंगे) की फूल मालाओं से विशेष आकर्षक श्रृंगार किया तथा पूरे मन्दिर को तिरंगा ध्वजों से सजाया गया।
यह हुए आयोजन:-
षट्तिला एकादशी पर सेवादारों ने अल सुबह से श्यामबाबा को आकर्षक वाघा पहनाकर स्वर्ण रंग का मुकुट, कुंडल व छत्र के साथ तीन रंगों (तिरंगे) की मालाओं से आकर्षक श्रंगार किया तथा मन्दिर में स्थापित भगवान पशुपतिनाथ महादेव, श्री सालासर बालाजी, श्री राम व श्रीकृष्ण दरबार को भी आकर्षक रुप से सजाया गया।
पश्चात सुबह 7:30 बजे श्याम बाबा की संगीतमय आरती की गई। सुबह 11 बजे भोग लगाकर भोग आरती की गई।
शाम 6:30 बजे हजारों भक्तों की मौजूदगी में श्याम बाबा की संगीतमय महाआरती कर फलाहारी मिक्चर, फल फ्रूट एवं मिठाई की प्रसादी का वितरण किया गया।
श्याम बाबा का सजाया भव्य दरबार:-
सांयकालीन महाआरती पश्चात मन्दिर प्रांगण में श्री श्याम बाबा का भव्य दरबार सजाकर गाय के घी एवं सूखे खोपरे की हजारों श्रद्धालुओं द्वारा आहुतियां दी गई इस बीच श्रद्धालुओ पर इत्र वर्षा भी की गई। भक्तों द्वारा श्याम बाबा के सुमधुर भजनों की प्रस्तुति दी तथा रात्रि 10:30 बजे श्याम बाबा की शयन आरती की गई।
षट्तिला एकादशी पर पण्डित मंगल शर्मा एवं प्रफुल व्यास ने दिनभर मन्नतधारियो की अर्जी लगाकर आने वाले भक्तों को आशीर्वाद स्वरूप श्याम बाबा का झाड़ा दिया।