Rajendra Devray / Thu, Oct 29, 2026 / Post views : 28
खरगोन में लोकायुक्त का बड़ा एक्शन! ₹4 हजार की रिश्वत लेते पटवारी रंगेहाथ पकड़ाया
वाटर प्लांट के लिए खरीदी कृषि भूमि के बटांकन और नामांतरण के बदले रिश्वत मांगने का आरोप, लोकायुक्त इंदौर की टीम ने की ट्रैप कार्रवाई
खरगोन| महेश्वर भ्रष्टाचार के खिलाफ कार्रवाई करते हुए लोकायुक्त इंदौर की टीम ने 28 अक्टूबर 2026 को टप्पा करही, तहसील महेश्वर, जिला खरगोन में पदस्थ पटवारी सुनील पटेल को ₹4,000 की कथित रिश्वत लेते रंगेहाथ पकड़ा। कार्रवाई कार्यालय टप्पा करही के बाहर सड़क किनारे की गई।
लोकायुक्त से मिली जानकारी के अनुसार, ग्राम मोहनया टप्पा करही निवासी कपिल राठौर पिता कैलाश राठौर ने वाटर प्लांट स्थापित करने के लिए अपने परिवार की कृषि भूमि खरीदी थी। इस भूमि के बटांकन और नामांतरण की प्रक्रिया के बदले पटवारी सुनील पटेल द्वारा कथित रूप से ₹4,000 की रिश्वत मांगे जाने की शिकायत लोकायुक्त कार्यालय इंदौर में की गई थी।
शिकायत मिलने के बाद लोकायुक्त पुलिस अधीक्षक राजेश सहाय के निर्देश पर शिकायत का सत्यापन कराया गया। शिकायत सही पाए जाने के बाद 28 अक्टूबर को भ्रष्टाचार निवारण संशोधन अधिनियम, 2018 की धारा 7 के तहत अपराध पंजीबद्ध कर ट्रैप की योजना बनाई गई। कार्रवाई के दौरान पटवारी को शिकायतकर्ता से ₹4,000 लेते हुए पकड़ा गया।
लोकायुक्त की टीम ने बिछाया जाल
यह कार्रवाई महानिदेशक लोकायुक्त योगेश देशमुख के निर्देश, उप पुलिस महानिरीक्षक मनोज सिंह के मार्गदर्शन तथा लोकायुक्त इंदौर के पुलिस अधीक्षक राजेश सहाय के नेतृत्व में की गई। ट्रैप दल में निरीक्षक प्रतिभा तोमर, आरक्षक आदित्य सिंह भदौरिया, आरक्षक चंद्रमोहन बिष्ट, शैलेन्द्र सिंह बघेल, आशीष नायडू और रामेश्वर निगवाल शामिल रहे।
सरकारी काम के बदले रिश्वत मांगने के आरोप पर कार्रवाई
भूमि संबंधी बटांकन और नामांतरण जैसे कार्यों के लिए रिश्वत मांगने की शिकायत सामने आने के बाद लोकायुक्त की इस कार्रवाई से राजस्व विभाग में हलचल मच गई है। हालांकि, मामले में आरोपी के विरुद्ध आगे की कानूनी कार्रवाई और जांच के निष्कर्ष सामने आने के बाद ही प्रकरण की अंतिम स्थिति स्पष्ट होगी।
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