Wed, 28 Oct 2026
Breaking News
राजेंद्र देवराय प्रधान संपादक : अंजड़ कपास के कम भाव मिलने पर अंजड़ मंडी में किसानों का आक्रोश, बोली रुकवाई | राजेन्द्र देवराय प्रधान संपादक : नालछा क्रिकेट एकेडमी के प्रयासों से दूर हुई दुर्घटना की आशंका; विधायक कालुसिंह ठाकुर का समारोह में सम्मान | कांतिलाल शर्मा नालछा की रिपोर्ट : नालछा,धरमपुरी के जनप्रतिनिधियों ने रोशनी व कालमुखी पंचायतों का कियाभ्रमण,मछलीपालन,जैविक खाद कर वसूली को देखा | राजेन्द्र देवराय प्रधान संपादक : बड़वानी में बनेगा वन औषधि शोध संस्थान, ग्राम अजगरिया में आयोजित नशामुक्ति कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने की कई महत्वपूर्ण | राजेन्द्र देवराय प्रधान संपादक : मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने गायत्री धाम में मलखंभ की रोमांचक प्रस्तुति का किया अवलोकन | राजेन्द्र देवराय प्रधान संपादक : गायत्री धाम में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने किया चरण पादुका पूजन, गौमाता की पूजा कर दिया गो-संवर्धन का संदेश | सन्नी माली संपादक : बदनावर बिजली कनेक्शन के नाम पर रिश्वतखोरी ₹4 हजार लेते लाइन परिचालक सौरभजैन ट्रैप | राजेन्द्र देवराय प्रधान संपादक : मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के बड़वानी दौरे को लेकर डीआईजी, कलेक्टर एवं एसपी ने किया कार्यक्रम स्थलों का निरीक्षण | पंकज जैन संवाददाता इंदौर : सनातन सेना भारत ने सौंपी नई जिम्मेदारी सनातन धर्म, सामाजिक चेतना और जनसेवा का संदेश जन-जन तक पहुंचाने का संकल्प | राजेन्द्र देवराय प्रधान संपादक : सरदार सरोवर प्रभावितों का पुनर्वास कार्यालय पर महाघेराव 11 प्रमुख मांगों पर लिखित जवाब की मांग, सत्याग्रह जारी; | राजेंद्र देवराय प्रधान संपादक : अंजड़ कपास के कम भाव मिलने पर अंजड़ मंडी में किसानों का आक्रोश, बोली रुकवाई | राजेन्द्र देवराय प्रधान संपादक : नालछा क्रिकेट एकेडमी के प्रयासों से दूर हुई दुर्घटना की आशंका; विधायक कालुसिंह ठाकुर का समारोह में सम्मान | कांतिलाल शर्मा नालछा की रिपोर्ट : नालछा,धरमपुरी के जनप्रतिनिधियों ने रोशनी व कालमुखी पंचायतों का कियाभ्रमण,मछलीपालन,जैविक खाद कर वसूली को देखा | राजेन्द्र देवराय प्रधान संपादक : बड़वानी में बनेगा वन औषधि शोध संस्थान, ग्राम अजगरिया में आयोजित नशामुक्ति कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने की कई महत्वपूर्ण | राजेन्द्र देवराय प्रधान संपादक : मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने गायत्री धाम में मलखंभ की रोमांचक प्रस्तुति का किया अवलोकन | राजेन्द्र देवराय प्रधान संपादक : गायत्री धाम में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने किया चरण पादुका पूजन, गौमाता की पूजा कर दिया गो-संवर्धन का संदेश | सन्नी माली संपादक : बदनावर बिजली कनेक्शन के नाम पर रिश्वतखोरी ₹4 हजार लेते लाइन परिचालक सौरभजैन ट्रैप | राजेन्द्र देवराय प्रधान संपादक : मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के बड़वानी दौरे को लेकर डीआईजी, कलेक्टर एवं एसपी ने किया कार्यक्रम स्थलों का निरीक्षण | पंकज जैन संवाददाता इंदौर : सनातन सेना भारत ने सौंपी नई जिम्मेदारी सनातन धर्म, सामाजिक चेतना और जनसेवा का संदेश जन-जन तक पहुंचाने का संकल्प | राजेन्द्र देवराय प्रधान संपादक : सरदार सरोवर प्रभावितों का पुनर्वास कार्यालय पर महाघेराव 11 प्रमुख मांगों पर लिखित जवाब की मांग, सत्याग्रह जारी; | राजेंद्र देवराय प्रधान संपादक : अंजड़ कपास के कम भाव मिलने पर अंजड़ मंडी में किसानों का आक्रोश, बोली रुकवाई | राजेन्द्र देवराय प्रधान संपादक : नालछा क्रिकेट एकेडमी के प्रयासों से दूर हुई दुर्घटना की आशंका; विधायक कालुसिंह ठाकुर का समारोह में सम्मान | कांतिलाल शर्मा नालछा की रिपोर्ट : नालछा,धरमपुरी के जनप्रतिनिधियों ने रोशनी व कालमुखी पंचायतों का कियाभ्रमण,मछलीपालन,जैविक खाद कर वसूली को देखा | राजेन्द्र देवराय प्रधान संपादक : बड़वानी में बनेगा वन औषधि शोध संस्थान, ग्राम अजगरिया में आयोजित नशामुक्ति कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने की कई महत्वपूर्ण | राजेन्द्र देवराय प्रधान संपादक : मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने गायत्री धाम में मलखंभ की रोमांचक प्रस्तुति का किया अवलोकन | राजेन्द्र देवराय प्रधान संपादक : गायत्री धाम में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने किया चरण पादुका पूजन, गौमाता की पूजा कर दिया गो-संवर्धन का संदेश | सन्नी माली संपादक : बदनावर बिजली कनेक्शन के नाम पर रिश्वतखोरी ₹4 हजार लेते लाइन परिचालक सौरभजैन ट्रैप | राजेन्द्र देवराय प्रधान संपादक : मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के बड़वानी दौरे को लेकर डीआईजी, कलेक्टर एवं एसपी ने किया कार्यक्रम स्थलों का निरीक्षण | पंकज जैन संवाददाता इंदौर : सनातन सेना भारत ने सौंपी नई जिम्मेदारी सनातन धर्म, सामाजिक चेतना और जनसेवा का संदेश जन-जन तक पहुंचाने का संकल्प | राजेन्द्र देवराय प्रधान संपादक : सरदार सरोवर प्रभावितों का पुनर्वास कार्यालय पर महाघेराव 11 प्रमुख मांगों पर लिखित जवाब की मांग, सत्याग्रह जारी; |

सन्नी माली संपादक : मगरदा की राशन दुकान में ‘राशन का खेल’! तीन महीने का अनाज कहां गया? ग्रामीणों ने खोला मोर्चा, जांच की मांग

Rajendra Devray

Rajendra Devray / Thu, Aug 27, 2026 / Post views : 375

मगरदा की राशन दुकान में ‘राशन का खेल’!   तीन महीने का अनाज कहां गया? ग्रामीणों ने खोला मोर्चा, जांच की मांग
Share:

मगरदा की राशन दुकान में ‘राशन का खेल’!

तीन महीने का अनाज कहां गया? ग्रामीणों ने खोला मोर्चा, जांच की मांग

कुक्षी तहसील के ग्राम मगरदा की शासकीय उचित मूल्य की दुकान में राशन वितरण को लेकर ग्रामीणों ने अब सीधे प्रशासन का दरवाजा खटखटाया है। मई, जून और जुलाई के राशन वितरण में गड़बड़ी के आरोपों ने पूरी व्यवस्था पर सवालिया निशान खड़ा कर दिया है। ग्रामीणों ने अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) कुक्षी को शिकायत देकर पूरे मामले की जांच और जिम्मेदारों पर कार्रवाई की मांग की है।

किसी को राशन मिला, कई रह गए खाली हाथ?

ग्रामीणों की शिकायत के मुताबिक तत्कालीन सेल्समैन द्वारा मई, जून और जुलाई माह का राशन कुछ लोगों को वितरित किया गया, जबकि कई पात्र हितग्राही राशन पाने से वंचित रह गए। ग्रामीणों का आरोप है कि मामले की सूचना खाद्य निरीक्षक को भी दी गई, लेकिन कार्रवाई नहीं होने से ग्रामीणों का गुस्सा और बढ़ गया।

नया सेल्समैन आया तो पुरानी जिम्मेदारी पर सवाल

शिकायत में ग्रामीणों ने वर्तमान सेल्समैन से भी जानकारी ली। ग्रामीणों के अनुसार वर्तमान सेल्समैन का कहना है कि उसने अगस्त माह में दुकान का प्रभार संभाला, इसलिए मई-जुलाई की जिम्मेदारी उसकी नहीं है।

यहीं से सबसे बड़ा सवाल खड़ा होता है—आखिर मई, जून और जुलाई में राशन का वितरण किसे हुआ? जिन पात्र परिवारों के नाम पर राशन दर्ज है, क्या उन्हें वास्तव में पूरा राशन मिला?

तीन महीने का राशन—रिकॉर्ड में क्या, जमीन पर क्या?

ग्रामीणों ने मांग की है कि राशन दुकान के पीओएस मशीन रिकॉर्ड, स्टॉक रजिस्टर, वितरण पंजी और हितग्राहियों के राशन उठाव का मिलान कराया जाए। जांच में अगर रिकॉर्ड और वास्तविक वितरण में अंतर सामने आता है तो संबंधित जिम्मेदारों पर कार्रवाई की मांग की गई है।

अब प्रशासन की जांच पर टिकी नजरें

मगरदा के ग्रामीणों की शिकायत ने सार्वजनिक वितरण प्रणाली की पारदर्शिता पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। मामला अब प्रशासन के सामने है। ग्रामीणों का कहना है कि जांच निष्पक्ष और रिकॉर्ड के आधार पर हो, ताकि यह साफ हो सके कि तीन महीनों का राशन आखिर कहां और किसके नाम पर गया।

अब देखना यह है कि नवागत एसडीएम शिकायत को गंभीरता से लेकर जांच कराता है या फिर राशन वितरण की यह शिकायत भी सरकारी फाइलों में दबकर रह जाती है।

विज्ञापन

Advertisement

विज्ञापन

जरूरी खबरें

विज्ञापन

Advertisement